अल्सरेटिव कोलाइटिस (आंत की सूजन) का रामबाण इलाज || Panacea for Ulcerative Colitis
अल्सरेटिव कोलाइटिस (आंत की सूजन) क्या है?
अल्सरेटिव कोलाइटिस लम्बे समय तक बनी रहने वाली बड़ी आंत (कोलन) की सूजन है,
जो गुदा और आंत की परतों में सूजन और घाव, जिन्हें अलसर या छाले भी कहते हैं,
उत्पन्न करती है। यह इंफ्लेमेटरी बोवेल डिजीज (आइबीडी) का एक रूप है। साधारणतया ये
आंत के निचले हिस्से (सिग्मोइड कोलन) और गुदा को प्रभावित करती है, लेकिन ये पूरी
आंत को प्रभावित कर सकती है। आइबीडी, आईबीएस (इरिटेबल बोवेल सिंड्रोम) से भिन्न
होती है। सूजन के स्थान और विस्तार के आधार पर अल्सरेटिव कोलाइटिस के विभिन्न
रूपों का वर्गीकरण किया गया है।
अल्सरेटिव कोलाइटिस (आंत की सूजन) का रामबाण इलाज
रोग अवधि
यह बीमारी ठीक नहीं होती लेकिन नियंत्रित की जा सकती है।
अल्सरेटिव कोलाइटिस जीवन भर रहने वाली स्थिति है, जब तक कि शल्यक्रिया द्वारा बड़ी आंत हटा ना दी जाए।
यदि व्यक्ति की शल्यक्रिया हुई है तो वह 2-3 माह में ठीक हो जाता है।
जाँच और परीक्षण
रक्त परीक्षण
मल का नमूना
कोलोनोस्कोपी
फ्लेक्सिबल सिग्मोइडोस्कोपी
बेरियम एनीमा
एक्स-रे
सीटी स्कैन
अल्सरेटिव कोलाइटिस (आंत की सूजन): लक्षण और कारण
लक्षण
गुदा द्वार से रक्तस्राव
गुदा से आँव आना
अतिसार (मंद से लेकर बार-बार होना, मल पतला और रक्तयुक्त होना)।
पेट दर्द
कब्ज (अनियमित और विलम्ब से या कठिनाई से होने वाला मलत्याग)।
कम रक्त मात्रा (एनीमिया)।
बुखार
वजन में कमी
कभी-कभी कूल्हों और घुटनों में दर्द और सूजन।
कारण
कारण अज्ञात है. लेकिन कुछ उत्प्रेरकों में हैं:
अनुवांशिकता
वातावरण
प्रतिरक्षण
तनाव अलसर को बढ़ा सकता है
अल्सरेटिव कोलाइटिस (आंत की सूजन): रोकथाम
रोकथाम (बचाव)
यूसी के लक्षण बढ़ाने वाले आहार ना लें।
यदि आपके परिवार के किसी सदस्य को यूसी का अनुभव हुआ है तो (डॉक्टर से मिलकर) अपनी आंत की जाँच कम अंतरालों पर कराते रहें।
तनाव ना लें
ध्यान देने की बातें
प्रतिदिन चार से कम बार मलत्याग।
डॉक्टर को कब दिखाएँ
अपने डॉक्टर से सम्पर्क करें यदि आपको है:
पेट दर्द
मल में रक्त
अतिसार
दो दिन से अधिक समय से बुखार
घरेलु उपचार, इलाज़ और परहेज
फल और सब्जियाँ
फलों का रस
ब्रेड्स और दलिया
यदि आप लेक्टोस (दूध में पाई जाने वाली शक्कर) को पचा लेते हैं तो डेरी उत्पाद भी लें।
तेल
इनसे परहेज करें
फलियाँ
चाय और कॉफ़ी
यदि आप लेक्टोस (दूध में पाई जाने वाली शक्कर) पचा नहीं पाते हैं, तो डेरी उत्पाद ना लें।
ब्रोकोली
दाने
मक्का और मशरुम
वसायुक्त माँस
मसाले
क्रीम युक्त आहार
चॉकलेट्स
शराब
मेवे
सोडा
प्याज
योग और व्यायाम
सौम्य व्यायाम कार्यक्रम जैसे पैदल चलना, श्वास के व्यायाम आपकी सहायता करते हैं।
योग
पवनमुक्तासन
भुजंगासन
पश्चिमोत्तासन
सामान्य
घरेलू उपाय (उपचार)
तरल आहार अधिक मात्रा में लें।
रेशेदार भोजन करें।
बिना लापरवाही किये उचित दवाएँ लें।



0 टिप्पणियाँ