आज का वैदिक पंचांग | Aaj Ka Vedic Panchang
🌤️ दिनांक - 01 नवम्बर 2023
🌤️ दिन - बुधवार
🌤️ विक्रम संवत - 2080 (गुजरात - 2079)
🌤️ शक संवत - 1945
🌤️ अयन - दक्षिणायन
🌤️ ऋतु - हेमंत ऋतु
🌤️ मास - कार्तिक (गुजरात एवं महाराष्ट्र अनुसार आश्विन)
🌤️ पक्ष - कृष्ण
🌤️ तिथि - चतुर्थी रात्रि 09:19 तक तत्पश्चात पंचमी
🌤️ नक्षत्र - मृगशिरा 02 नवम्बर प्रातः 04:36 तक तत्पश्चात आर्द्रा
🌤️ योग - परिघ दोपहर 02:07 तक तत्पश्चात शिव
🌤️ राहुकाल - दोपहर 12:22 से शाम 01:47 तक
🌞 सूर्योदय - 06:42
🌤️ सूर्यास्त - 18:01
👉 दिशाशूल - उत्तर दिशा में
🚩 व्रत पर्व विवरण - संकष्ट चतुर्थी (चंद्रोदय:रात्रि 08:50), करवा चौथ, करक चतुर्थी, दशरथ चतुर्थी
💥 विशेष - चतुर्थी को मूली खाने से धन का नाश होता है। (ब्रह्मवैवर्त पुराण, ब्रह्म खंडः 27.29-34)
🌷 कार्तिक में दीपदान 🌷
👉🏻 गताअंक से आगे .....
🔥 दीपदान कहाँ करें 🔥
🙏🏻 पद्मपुराण के अनुसार
🌷 तेनेष्टं क्रतुभिः सर्वैः कृतं तीर्थावगाहनम्। दीपदानं कृतं येन कार्तिके केशवाग्रतः।।
➡ जिसने कार्तिक में भगवान् केशव के समक्ष दीपदान किया है, उसने सम्पूर्ण यज्ञों का अनुष्ठान कर लिया और समस्त तीर्थों में गोता लगा लिया।
🙏🏻 ब्रह्मवैवर्त पुराण में कहा गया है जो कार्तिक में श्रीहरि को घी का दीप देता है, वह जितने पल दीपक जलता है, उतने वर्षों तक हरिधाम में आनन्द भोगता है। फिर अपनी योनि में आकर विष्णुभक्ति पाता है; महाधनवान नेत्र की ज्योति से युक्त तथा दीप्तिमान होता है।
🙏🏻 स्कन्दपुराण माहेश्वरखण्ड-केदारखण्ड के अनुसार
🌷 ये दीपमालां कुर्वंति कार्तिक्यां श्रद्धयान्विताः॥
यावत्कालं प्रज्वलंति दीपास्ते लिंगमग्रतः॥
तावद्युगसहस्राणि दाता स्वर्गे महीयते॥
➡ जो कार्तिक मास की रात्रि में श्रद्धापूर्वक शिवजी के समीप दीपमाला समर्पित करता है, उसके चढ़ाये गए वे दीप शिवलिंग के सामने जितने समय तक जलते हैं, उतने हजार युगों तक दाता स्वर्गलोक में प्रतिष्ठित होता है।
🙏🏻 लिंगपुराण के अनुसार
🌷 कार्तिके मासि यो दद्याद्धृतदीपं शिवाग्रतः।।
संपूज्यमानं वा पश्येद्विधिना परमेश्वरम्।।
👉🏻 शेष कल...
🌷 विघ्नों और मुसीबते दूर करने के लिए 🌷
👉 01 नवम्बर 2023 बुधवार को संकष्ट चतुर्थी है (चन्द्रोदय रात्रि 08:50)
🙏🏻 शिव पुराण में आता हैं कि हर महीने के कृष्ण पक्ष की चतुर्थी ( पूनम के बाद की ) के दिन सुबह में गणपतिजी का पूजन करें और रात को चन्द्रमा में गणपतिजी की भावना करके अर्घ्य दें और ये मंत्र बोलें :
🌷 ॐ गं गणपते नमः।
🌷 ॐ सोमाय नमः।
🌷 कोई कष्ट हो तो 🌷
🙏🏻 हमारे जीवन में बहुत समस्याएँ आती रहती हैं, मिटती नहीं हैं ।, कभी कोई कष्ट, कभी कोई समस्या | ऐसे लोग शिवपुराण में बताया हुआ एक प्रयोग कर सकते हैं कि, कृष्ण पक्ष की चतुर्थी (मतलब पुर्णिमा के बाद की चतुर्थी ) आती है | उस दिन सुबह छः मंत्र बोलते हुये गणपतिजी को प्रणाम करें कि हमारे घर में ये बार-बार कष्ट और समस्याएं आ रही हैं वो नष्ट हों |
👉🏻 छः मंत्र इस प्रकार हैं –
🌷 ॐ सुमुखाय नम: : सुंदर मुख वाले; हमारे मुख पर भी सच्ची भक्ति प्रदान सुंदरता रहे ।
🌷 ॐ दुर्मुखाय नम: : मतलब भक्त को जब कोई आसुरी प्रवृत्ति वाला सताता है तो… भैरव देख दुष्ट घबराये ।
🌷 ॐ मोदाय नम: : मुदित रहने वाले, प्रसन्न रहने वाले । उनका सुमिरन करने वाले भी प्रसन्न हो जायें ।
🌷 ॐ प्रमोदाय नम: : प्रमोदाय; दूसरों को भी आनंदित करते हैं । भक्त भी प्रमोदी होता है और अभक्त प्रमादी होता है, आलसी । आलसी आदमी को लक्ष्मी छोड़ कर चली जाती है । और जो प्रमादी न हो, लक्ष्मी स्थायी होती है ।
🌷 ॐ अविघ्नाय नम:
🌷 ॐ विघ्नकरत्र्येय नम:
पंचक प्रारंभ : सोमवार, 20 नवंबर 2023 पूर्वाह्न 10:07 बजे
पंचक समाप्त: शुक्रवार, 24 नवंबर 2023 अपराह्न 04:01 बजे
पंचक प्रारंभ: रविवार, 17 दिसंबर 2023 अपराह्न 03:45 बजे
पंचक समाप्त: गुरुवार, 21 दिसंबर 2023 रात 10:09 बजे
जिनका आज जन्मदिन है उनको हार्दिक शुभकामनाएं बधाई और शुभाशीष
दिनांक 1 को जन्मे व्यक्ति का मूलांक 1 होगा। आपका मूलांक सूर्य ग्रह के द्वारा संचालित होता है। आप अत्यंत महत्वाकांक्षी हैं। आपकी मानसिक शक्ति प्रबल है। आपको समझ पाना बेहद मुश्किल है। आप आशावादी होने के कारण हर स्थिति का सामना करने में सक्षम होते हैं। आप सौन्दर्यप्रेमी हैं।
आपमें सबसे ज्यादा प्रभावित करने वाला आपका आत्मविश्वास है। इसकी वजह से आप सहज ही महफिलों में छा जाते हैं। आप शाही प्रवृत्ति के हैं। आपको किसी और का शासन पसंद नहीं है। आप साहसी और जिज्ञासु हैं।
शुभ दिनांक : 1, 10, 19, 28
शुभ अंक : 1, 10, 19, 28, 37, 46, 55, 64, 73, 82
शुभ वर्ष : 2026, 2044, 2053, 2062
ईष्टदेव : सूर्य उपासना तथा मां गायत्री
शुभ रंग : लाल, केसरिया, क्रीम
कैसा रहेगा यह वर्ष
पदोन्नति के योग हैं। बेरोजगारों के लिए भी खुशखबर है इस वर्ष आपकी मनोकामना पूरी होगी। स्वास्थ्य की दृष्टि से यह वर्ष उत्तम रहेगा। पारिवारिक मामलों में महत्वपूर्ण कार्य होंगे। अविवाहितों के लिए सुखद स्थिति बन रही है। विवाह के योग बनेंगे। नौकरीपेशा के लिए समय उत्तम हैं। यह वर्ष आपके लिए अत्यंत सुखद रहेगा। अधूरे कार्यों में सफलता मिलेगी।

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